Skip to content
News Potli
एग्री बुलेटिन

शिवराज सिंह चौहान बोले – मखाना उत्पादन बढ़ाने और लागत घटाने की जरूरत

केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने बिहार के मखाना फेस्टिवल में कहा कि मखाना उत्पादन बढ़ाने और लागत घटाने की जरूरत है। उन्होंने विश्वास जताया कि बिहार में फिर से एनडीए सरकार बनेगी। हाल ही में पी

NP

Pooja Rai· Correspondent

5 अक्टूबर 2025· 2 min read

शिवराज सिंह चौहान बोले – मखाना उत्पादन बढ़ाने और लागत घटाने की जरूरत

शिवराज सिंह चौहान बोले – मखाना उत्पादन बढ़ाने और लागत घटाने की जरूरत

केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने बिहार के मखाना फेस्टिवल में कहा कि मखाना उत्पादन बढ़ाने और लागत घटाने की जरूरत है। उन्होंने विश्वास जताया कि बिहार में फिर से एनडीए सरकार बनेगी। हाल ही में पीएम मोदी ने नेशनल मखाना बोर्ड की शुरुआत की, जिससे बिहार जो देश के 90% मखाना का उत्पादन करता है। इसको बड़ा फायदा मिलेगा।

पटना: केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान शनिवार को बिहार पहुंचे, जहां उन्होंने मखाना फेस्टिवल में हिस्सा लिया। इस दौरान उन्होंने कहा कि बिहार और देश में मखाना उत्पादन बढ़ाने के साथ-साथ इसकी उत्पादन लागत घटाना भी जरूरी है।

“एनडीए सरकार फिर बनेगी बिहार में”
मीडिया से बात करते हुए चौहान ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में बिहार में विकास की गंगा बह रही है। इस बार फिर से एनडीए की सरकार रिकॉर्ड बहुमत से बनेगी। उन्होंने कहा कि मखाना बिहार की पहचान है और इसकी खेती से किसानों की आय बढ़ाने के लिए केंद्र सरकार लगातार कदम उठा रही है।

प्रधानमंत्री ने किया था नेशनल मखाना बोर्ड का शुभारंभ
हाल ही में 15 सितंबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बिहार में नेशनल मखाना बोर्ड की शुरुआत की थी।
इस बोर्ड का उद्देश्य है—

मखाना उत्पादन और तकनीक को बढ़ावा देना

वैल्यू एडिशन और प्रोसेसिंग को मजबूत करना

बाजार और निर्यात के अवसर बढ़ाना

इससे बिहार के मखाना किसानों को सीधा लाभ मिलेगा।

ये भी पढ़ें - 100 जिलों में चलेगी प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना, यूपी के सबसे ज्यादा जिले शामिल

बिहार देश का मखाना हब
बिहार देश के कुल 90% मखाना उत्पादन के लिए जिम्मेदार है।राज्य के प्रमुख जिले मधुबनी, दरभंगा, सीतामढ़ी, सहरसा, कटिहार, पूर्णिया, सुपौल, किशनगंज और अररिया मखाना उत्पादन के प्रमुख केंद्र हैं, जहां की मिट्टी और जलवायु मखाना खेती के लिए अनुकूल है।

वैश्विक पहचान की ओर बिहार का मखाना
नेशनल मखाना बोर्ड की स्थापना से बिहार को वैश्विक स्तर पर मखाना उद्योग में नई पहचान मिलेगी और किसानों की आमदनी में वृद्धि होगी।

ये देखें -

NP

About the Author

Pooja Rai

Correspondent

सभी लेख देखें
Related Coverage

और पढ़ें.

ILDC कॉन्फ्रेंस 2025: कृषि की चुनौतियों में किरायेदार किसान, कैसे मिले सुरक्षा और अधिकार!
एग्री बुलेटिन

ILDC कॉन्फ्रेंस 2025: कृषि की चुनौतियों में किरायेदार किसान, कैसे मिले सुरक्षा और अधिकार!

भारत एक कृषि प्रधान देश हैं। जहां एक व्यापक किसान वर्ग कृषि पर आश्रित है। इस किसान वर्ग में एक बड़ी आबादी किरायेदार किसानों की भी है। इन किरायेदार किसानों को असलियत में किसान नहीं माना जाता है। इस स्थ

Pooja Rai·28 फ़र॰ 2026·9 min
भारत-अमेरिका डील के बाद GM फसलों पर क्यों बढ़ी बहस?
एग्री बुलेटिन

भारत-अमेरिका डील के बाद GM फसलों पर क्यों बढ़ी बहस?

भारत-अमेरिका व्यापार समझौते के बाद GM (जेनेटिकली मॉडिफाइड) फसलों को लेकर बहस तेज हो गई है। भारत ने कुछ अमेरिकी कृषि उत्पादों पर कम या शून्य शुल्क देने की सहमति दी है, लेकिन सरकार का कहना है कि संवेदनश

Pooja Rai·9 फ़र॰ 2026·3 min
राष्ट्रीय दलहन क्रांति: बिहार को दलहन खेती बढ़ाने के लिए 93.75 करोड़ की मदद
एग्री बुलेटिन

राष्ट्रीय दलहन क्रांति: बिहार को दलहन खेती बढ़ाने के लिए 93.75 करोड़ की मदद

सीहोर में आयोजित राष्ट्रीय दलहन कार्यक्रम में केंद्र ने देश में दलहन उत्पादन बढ़ाने की पहल शुरू की और बिहार को 93.75 करोड़ रुपये की सहायता दी। बिहार सरकार ने पांच साल में दलहन उत्पादन में आत्मनिर्भर ब

Pooja Rai·9 फ़र॰ 2026·2 min