News Potli
न्यूज़ पोटलीभारत के किसानों और गाँवों की आवाज़
  • खेती किसानी
  • एग्री बुलेटिन
  • मौसम बेमौसम
  • पशुपालन
  • इंटरव्यू
  • बाज़ार
  • ग्राउन्ड रिपोर्ट्स
  • कमाई वाली बात
News Potli
  • खेती किसानी
  • एग्री बुलेटिन
  • मौसम बेमौसम
  • पशुपालन
  • इंटरव्यू
  • बाज़ार
  • ग्राउन्ड रिपोर्ट्स
  • कमाई वाली बात
Share
WhatsAppFacebookX / Twitter
  1. Home
  2. एग्री बुलेटिन
  3. गुजरात में कपास के रकबे में 13 फीसदी की गिरावट, जानिए दूसरे राज्यों का हाल?
एग्री बुलेटिन

गुजरात में कपास के रकबे में 13 फीसदी की गिरावट, जानिए दूसरे राज्यों का हाल?

देश के सबसे बड़े कपास उत्पादक राज्य गुजरात में कपास की बुआई में लगभग 13 प्रतिशत की उल्लेखनीय गिरावट आई है। रिपोर्ट के अनुसार, इस गिरावट का मुख्य कारण कुछ किसानों का मूंगफली और सोयाबीन जैसी अन्य फसलों

NP

Pooja Rai·Correspondent·05 Aug 2025· 2 min read

गुजरात में कपास के रकबे में 13 फीसदी की गिरावट, जानिए दूसरे राज्यों का हाल?

गुजरात में कपास के रकबे में 13 फीसदी की गिरावट, जानिए दूसरे राज्यों का हाल?

देश के सबसे बड़े कपास उत्पादक राज्य गुजरात में कपास की बुआई में लगभग 13 प्रतिशत की उल्लेखनीय गिरावट आई है। रिपोर्ट के अनुसार, इस गिरावट का मुख्य कारण कुछ किसानों का मूंगफली और सोयाबीन जैसी अन्य फसलों की ओर रुख करना है।

गुजरात में कपास की खेती से जुड़े आंकड़ों पर नज़र डालें तो 4 अगस्त तक 20.35 लाख हेक्टेयर में कपास की बुवाई पूरी हो चुकी है। वहीं, पिछले खरीफ सीजन में इसी समय तक कपास का रकबा 23.35 लाख हेक्टेयर था। बता दें कि गुजरात में कपास का सामान्य रकबा 25.34 लाख हेक्टेयर है।

कपास की बुवाई के मामले में कर्नाटक, तेलंगाना समेत दूसरे राज्यों का हाल अच्छा है। कृषि मंत्रालय के आंकड़ें बताते हैं कि 1 अगस्त तक देशभर में कपास का कुल रकबा 105.87 लाख हेक्टेयर था। वहीं, बीते साल इसी समय रकबे का आंकड़ा 108.43 लाख हेक्टेयर था।

ये है वजह
बिजनेस स्टैंडर्ड की रिपोर्ट के अनुसार गुजरात के किसानों ने कपास से मूंगफली की ओर रुख किया है। इस बदले रुख का कारण है कि किसानों को मूंगफली अधिक लाभ देने वाली फसल लगती है। बता दें कि एमएसपी में बढ़ोतरी और कम समय में पककर तैयार होने की काबिलियत ने भी किसानों का ध्यान मूंगफली की और खींचा है। इसके अलावा कपास की कटाई में किसानों को मजदूरों की कमी का सामना करना पड़ता है। इन सभी कारकों ने किसानों के रुख में बदलाव लाने का काम किया है।

ये भी पढ़ें - बिहार में खरीफ फसलों की सिंचाई के लिए डीजल पर मिलेगी सब्सिडी, यहां करें आवेदन

इन राज्यों में इतनी हुई बुवाई
कर्नाटक, तेलंगाना और आंध्र समेत दूसरे राज्यों में कपास का रकबा बढ़ा है। समय पर बारिश के कारण फसल का हाल अच्छा है। कर्नाटक में कपास का रकबा 7.5 लाख हेक्टेयर तक पहुंच गया है, जो पिछले साल की समान अवधि के 6.4 लाख हेक्टेयर था।तेलंगाना में 30 जुलाई तक कपास का रकबा 40.66 लाख एकड़ से बढ़कर 43.28 लाख एकड़ हो गया है। लेकिन, ध्यान देने वाली बात है कि तेलंगाना का रकबा सामान्य कपास के रकबे - 48.93 लाख एकड़ से अभी भी कम है। वहीं महाराष्ट्र में 28 जुलाई तक कपास की बुवाई लगभग 38.01 लाख हेक्टेयर में पूरी कर ली गई है।

ये देखें -

News Potli.
Clip & Share
“

— गुजरात में कपास के रकबे में 13 फीसदी की गिरावट, जानिए दूसरे राज्यों का हाल?

newspotli.comIndia's #1 Rural Journalism Platform
agriculture newscotton farminggujarat farmerkheti kisaniNews Potliखेती किसानी
NP

About the Author

Pooja Rai

Correspondent

सभी लेख देखें
Related Coverage

और पढ़ें

ILDC कॉन्फ्रेंस 2025: कृषि की चुनौतियों में किरायेदार किसान, कैसे मिले सुरक्षा और अधिकार!
एग्री बुलेटिन

ILDC कॉन्फ्रेंस 2025: कृषि की चुनौतियों में किरायेदार किसान, कैसे मिले सुरक्षा और अधिकार!

भारत एक कृषि प्रधान देश हैं। जहां एक व्यापक किसान वर्ग कृषि पर आश्रित है। इस किसान वर्ग में एक बड़ी आबादी किरायेदार किसानों की भी है। इन किरायेदार किसानों को असलियत में किसान नहीं माना जाता है। इस स्थ

Pooja Rai·28 Feb 2026·9 min
भारत-अमेरिका डील के बाद GM फसलों पर क्यों बढ़ी बहस?
एग्री बुलेटिन

भारत-अमेरिका डील के बाद GM फसलों पर क्यों बढ़ी बहस?

भारत-अमेरिका व्यापार समझौते के बाद GM (जेनेटिकली मॉडिफाइड) फसलों को लेकर बहस तेज हो गई है। भारत ने कुछ अमेरिकी कृषि उत्पादों पर कम या शून्य शुल्क देने की सहमति दी है, लेकिन सरकार का कहना है कि संवेदनश

Pooja Rai·09 Feb 2026·3 min
राष्ट्रीय दलहन क्रांति: बिहार को दलहन खेती बढ़ाने के लिए 93.75 करोड़ की मदद
एग्री बुलेटिन

राष्ट्रीय दलहन क्रांति: बिहार को दलहन खेती बढ़ाने के लिए 93.75 करोड़ की मदद

सीहोर में आयोजित राष्ट्रीय दलहन कार्यक्रम में केंद्र ने देश में दलहन उत्पादन बढ़ाने की पहल शुरू की और बिहार को 93.75 करोड़ रुपये की सहायता दी। बिहार सरकार ने पांच साल में दलहन उत्पादन में आत्मनिर्भर ब

Pooja Rai·09 Feb 2026·2 min
News Potli

न्यूज़ पोटली

भारत के गाँव और किसान की आवाज़

Platform

  • About Us
  • Our Team
  • Pitch Your Story
  • Contact Us
  • Privacy Policy
  • Terms of Service

Contact Us

© 2026 News Potli. All rights reserved.

Crafted byBuildRocket LabsBuildRocket Labs