गन्ने की पैदावार कैसे बढ़ाएं, खेती की लागत कैसे घटाएं और कौन-सी उन्नत किस्म किसानों के लिए फायदेमंद हो सकती है? इन सवालों के जवाब देने के लिए उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर में 30 अक्टूबर 2026 को ‘मिठास मेला-2026’ आयोजित किया जाएगा। उत्तर प्रदेश गन्ना शोध परिषद में लगने वाले इस मेले में किसानों को गन्ने की आधुनिक खेती, नई तकनीकों और वैज्ञानिकों के शोध से जुड़ी जानकारी मिलेगी। साथ ही, प्रगतिशील गन्ना किसानों को सम्मानित किया जाएगा और उन्नत गन्ना किस्मों की मिनी सीड किट भी बांटी जाएंगी।
वैज्ञानिकों से सीधे बात कर सकेंगे किसान
उत्तर प्रदेश गन्ना शोध परिषद, शाहजहांपुर की ओर से आयोजित इस मेले का मकसद किसानों तक गन्ने की खेती से जुड़ी नई तकनीकें और शोध की जानकारी पहुंचाना है। कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश शासन के चीनी उद्योग एवं गन्ना विकास विभाग की अपर मुख्य सचिव वीना कुमारी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगी। मेले का आयोजन परिषद के निदेशक अभिषेक आनंद के नेतृत्व में किया जाएगा।
आधुनिक खेती की तकनीकों का होगा प्रदर्शन
मेले में किसानों को गन्ने की आधुनिक खेती और उन्नत कृषि तकनीकों की जीवंत प्रदर्शनी देखने को मिलेगी। इसके जरिए किसान जान सकेंगे कि वैज्ञानिक तरीकों को अपनाकर गन्ने की पैदावार कैसे बढ़ाई जा सकती है और खेती में लगने वाली लागत को कैसे कम किया जा सकता है।
इसके अलावा, गन्ना उत्पादन बढ़ाने, उपलब्ध संसाधनों का बेहतर इस्तेमाल करने और खेती से जुड़ी समस्याओं के समाधान के लिए किए गए नए शोध की जानकारी भी दी जाएगी। किसान यहां वैज्ञानिकों से सीधे बातचीत कर सकेंगे और अपनी समस्याओं पर चर्चा कर सकेंगे।
उन्नत किस्मों की मिनी सीड किट बांटी जाएंगी
‘मिठास मेला-2026’ में गन्ना उत्पादन में बेहतर प्रदर्शन करने वाले प्रगतिशील किसानों को सम्मानित भी किया जाएगा। वहीं, किसानों तक उन्नत गन्ना किस्मों को पहुंचाने के लिए मिनी सीड किट बांटी जाएंगी। इससे किसानों को बेहतर किस्मों के बारे में जानने और उन्हें अपनाने का अवसर मिलेगा।
इस मेले का उद्देश्य किसानों को वैज्ञानिक खेती के लिए प्रोत्साहित करना और गन्ने की उत्पादकता के साथ चीनी परता में सुधार करना है, ताकि गन्ने की खेती को किसानों के लिए ज्यादा लाभकारी बनाया जा सके।
कार्यक्रम की जानकारी
कार्यक्रम: मिठास मेला-2026 एवं कृषक वैज्ञानिक विचार संगोष्ठी
तारीख: 30 अक्टूबर 2026
स्थान: उत्तर प्रदेश गन्ना शोध परिषद, शाहजहांपुर, उत्तर प्रदेश





