खेती में अगर ऐसी फसल मिल जाए, जिसमें पानी की जरूरत कम हो, देखभाल आसान हो और लंबे समय तक फल मिलते रहें, तो किसान की लागत और मेहनत दोनों कम हो सकती हैं। खासकर उन इलाकों में जहां पानी की कमी रहती है, वहां ऐसी फसलों की जरूरत और बढ़ जाती है। किसानों के लिए इसी तरह का एक विकल्प ‘गोमा यशी’ बेल हो सकती है। ICAR-CIAH, बीकानेर की ओर से बताई गई इस किस्म की खासियत कम पानी में अच्छा प्रदर्शन और लंबे समय तक उत्पादन देना है।
एक पेड़ से 89 किलो तक उपज
‘गोमा यशी’ बेल की सबसे खास बात इसका उत्पादन है। ICAR-CIAH के मुताबिक, 10 साल बाद एक पेड़ से करीब 89 किलो तक फल की उपज मिल सकती है। यानी किसान एक बार पौधा लगाने के बाद कई वर्षों तक इससे उत्पादन ले सकते हैं।
कम पानी में भी अच्छी तरह बढ़ती है
‘गोमा यशी’ को खास तौर पर कम पानी और सूखा प्रभावित क्षेत्रों के लिए उपयोगी बताया गया है। ऐसे किसान जिनके पास सिंचाई के साधन सीमित हैं, उनके लिए यह किस्म एक विकल्प बन सकती है। कम पानी में बेहतर प्रदर्शन होने से सिंचाई पर होने वाला खर्च भी कम रखने में मदद मिल सकती है।
फल की गुणवत्ता भी अच्छी
इस किस्म के फलों में पतला छिलका, कम बीज और कम रेशा बताया गया है। इसके अलावा इसमें अच्छी गूदा गुणवत्ता होती है। इसमें उच्च TSS और सुगंधित गूदा पाया जाता है। अच्छी गुणवत्ता वाला फल होने की वजह से इसे खाने के साथ-साथ प्रोसेसिंग के लिए भी इस्तेमाल किया जा सकता है।
सूखा प्रभावित किसानों के लिए उपयोगी
जिन क्षेत्रों में पानी की कमी के कारण किसान ज्यादा सिंचाई वाली फसलों से परेशान रहते हैं, वहां बेल की खेती एक वैकल्पिक रास्ता दे सकती है। ‘गोमा यशी’ की कम पानी में बेहतर प्रदर्शन करने की क्षमता इसे ऐसे इलाकों के लिए खास बनाती है।साथ ही, बागवानी फसल होने के कारण किसान इसे अपनी फसल विविधीकरण की योजना में भी शामिल कर सकते हैं।
कम लागत में लंबे समय तक कमाई का मौका
किसानों के लिए किसी भी फसल का चुनाव करते समय सिर्फ उत्पादन ही नहीं, बल्कि पानी, लागत, बाजार और फसल की उम्र भी मायने रखती है। ‘गोमा यशी’ में कम पानी की जरूरत और लंबे समय तक उत्पादन जैसी खूबियां हैं। ऐसे में सही जलवायु और बाजार उपलब्ध होने पर यह किसानों के लिए कमाई का अच्छा विकल्प बन सकती है।
हालांकि, बड़े स्तर पर खेती शुरू करने से पहले किसान अपने क्षेत्र की मिट्टी, जलवायु और बाजार की स्थिति के हिसाब से कृषि विशेषज्ञों से सलाह जरूर लें।





