News Potli
न्यूज़ पोटलीभारत के किसानों और गाँवों की आवाज़
  • खेती किसानी
  • एग्री बुलेटिन
  • मौसम बेमौसम
  • पशुपालन
  • इंटरव्यू
  • बाज़ार
  • ग्राउन्ड रिपोर्ट्स
  • कमाई वाली बात
News Potli
  • खेती किसानी
  • एग्री बुलेटिन
  • मौसम बेमौसम
  • पशुपालन
  • इंटरव्यू
  • बाज़ार
  • ग्राउन्ड रिपोर्ट्स
  • कमाई वाली बात
Share
WhatsAppFacebookX / Twitter
  1. Home
  2. एग्री बुलेटिन
  3. FCI, NCCF, NAFED और राज्य वेयरहाउसिंग कॉरपोरेशन PACS को अधिक से अधिक गोदामों के साथ जोड़ें- सहकारिता मंत्री
एग्री बुलेटिन

FCI, NCCF, NAFED और राज्य वेयरहाउसिंग कॉरपोरेशन PACS को अधिक से अधिक गोदामों के साथ जोड़ें- सहकारिता मंत्री

केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह की अध्यक्षता में नई दिल्ली स्थित सहकारिता मंत्रालय में सहकारिता क्षेत्र में विश्व की सबसे बड़ी अन्न भंडारण योजना की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। उन्होंने अन्न

NP

Pooja Rai·Correspondent·03 Jun 2025· 2 min read

FCI, NCCF, NAFED और राज्य वेयरहाउसिंग कॉरपोरेशन PACS को अधिक से अधिक गोदामों के साथ जोड़ें- सहकारिता मंत्री

FCI, NCCF, NAFED और राज्य वेयरहाउसिंग कॉरपोरेशन PACS को अधिक से अधिक गोदामों के साथ जोड़ें- सहकारिता मंत्री

केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह की अध्यक्षता में नई दिल्ली स्थित सहकारिता मंत्रालय में सहकारिता क्षेत्र में विश्व की सबसे बड़ी अन्न भंडारण योजना की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। उन्होंने अन्न भंडारण योजना में PACS की व्यापक भागीदारी पर बात करते हुए कहा कि यह जरूरी है कि PACS को इस योजना का अभिन्न हिस्सा बनाया जाए ताकि PACS की वित्तीय व्यवहार्यता और सामाजिक प्रभावशीलता सुनिश्चित हो सके। उन्होंने FCI, NCCF, NAFED और राज्य वेयरहाउसिंग कॉरपोरेशनों को PACS को अधिक से अधिक गोदामों से जोड़ने के लिए ठोस दिशा-निर्देश दिए।

बैठक को संबोधित करते हुए केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के “सहकार से समृद्धि” के विज़न को साकार करने की दिशा में विश्व की सबसे बड़ी अन्न भंडारण योजना एक बड़ा कदम है। उन्होंने कहा कि भारत में आर्थिक प्रगति को मापने के दो प्रमुख मापदंड हैं—सकल घरेलू उत्पाद (GDP) और रोजगार सृजन। अन्न भंडारण योजना इन दोनों पहलुओं को सशक्त बनाने का माध्यम है, जिसका उद्देश्य प्राथमिक कृषि ऋण समितियों (PACS) की आमदनी बढ़ाने के साथ-साथ ग्रामीण रोजगार के अवसरों को सृजित करना है। उन्होंने कृषि अवसंरचना निधि (AIF) के अंतर्गत ऋण अवधि के विस्तार से PACS की वित्तीय स्थिति में सुधार हेतु त्वरित कार्रवाई की आवश्यकता के बारे में बात की।

ये भी पढ़ें- सरकार ने पीली मटर के शुल्क मुक्त आयात को मार्च 2026 तक बढ़ाया

इस पर भी बात हुई
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि राज्यों को अपने स्तर पर अधिक से अधिक PACS को इस योजना में शामिल करना चाहिए, और राज्य स्तरीय मार्केटिंग फेडरेशनों को भी इससे जोड़ा जाना चाहिए ताकि एक संपूर्ण सहकारी आपूर्ति श्रृंखला विकसित की जा सके।अमित शाह ने सभी उपस्थित संगठनों से समन्वय के साथ योजना को समयबद्ध और प्रभावशाली तरीके से लागू करने का आह्वान किया ताकि यह योजना ‘आत्मनिर्भर भारत’ और ‘सहकार से समृद्धि’ के लक्ष्य की पूर्ति में मील का पत्थर सिद्ध हो।

बैठक में सहकारिता राज्य मंत्री कृष्णपाल गुर्जर एवं मुरलीधर मोहोल के अलावा सहकारिता, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय, उपभोक्ता मंत्रालय, भारतीय खाद्य निगम (FCI), नाबार्ड, राष्ट्रीय सहकारी विकास निगम (NCDC) सहित अन्य संगठनों के अधिकारी उपस्थित थे।

ये देखें -

News Potli.
Clip & Share
“

— FCI, NCCF, NAFED और राज्य वेयरहाउसिंग कॉरपोरेशन PACS को अधिक से अधिक गोदामों के साथ जोड़ें- सहकारिता मंत्री

newspotli.comIndia's #1 Rural Journalism Platform
Cooperative minister Amit shahCOOPERATIVESFCINAFEDNCCFNews PotliPACS
NP

About the Author

Pooja Rai

Correspondent

सभी लेख देखें
Related Coverage

और पढ़ें

ILDC कॉन्फ्रेंस 2025: कृषि की चुनौतियों में किरायेदार किसान, कैसे मिले सुरक्षा और अधिकार!
एग्री बुलेटिन

ILDC कॉन्फ्रेंस 2025: कृषि की चुनौतियों में किरायेदार किसान, कैसे मिले सुरक्षा और अधिकार!

भारत एक कृषि प्रधान देश हैं। जहां एक व्यापक किसान वर्ग कृषि पर आश्रित है। इस किसान वर्ग में एक बड़ी आबादी किरायेदार किसानों की भी है। इन किरायेदार किसानों को असलियत में किसान नहीं माना जाता है। इस स्थ

Pooja Rai·28 Feb 2026·9 min
भारत-अमेरिका डील के बाद GM फसलों पर क्यों बढ़ी बहस?
एग्री बुलेटिन

भारत-अमेरिका डील के बाद GM फसलों पर क्यों बढ़ी बहस?

भारत-अमेरिका व्यापार समझौते के बाद GM (जेनेटिकली मॉडिफाइड) फसलों को लेकर बहस तेज हो गई है। भारत ने कुछ अमेरिकी कृषि उत्पादों पर कम या शून्य शुल्क देने की सहमति दी है, लेकिन सरकार का कहना है कि संवेदनश

Pooja Rai·09 Feb 2026·3 min
राष्ट्रीय दलहन क्रांति: बिहार को दलहन खेती बढ़ाने के लिए 93.75 करोड़ की मदद
एग्री बुलेटिन

राष्ट्रीय दलहन क्रांति: बिहार को दलहन खेती बढ़ाने के लिए 93.75 करोड़ की मदद

सीहोर में आयोजित राष्ट्रीय दलहन कार्यक्रम में केंद्र ने देश में दलहन उत्पादन बढ़ाने की पहल शुरू की और बिहार को 93.75 करोड़ रुपये की सहायता दी। बिहार सरकार ने पांच साल में दलहन उत्पादन में आत्मनिर्भर ब

Pooja Rai·09 Feb 2026·2 min
News Potli

न्यूज़ पोटली

भारत के गाँव और किसान की आवाज़

Platform

  • About Us
  • Our Team
  • Pitch Your Story
  • Contact Us
  • Privacy Policy
  • Terms of Service

Contact Us

© 2026 News Potli. All rights reserved.

Crafted byBuildRocket LabsBuildRocket Labs