बाजार से खरीदी गई सब्जियों में कीटनाशकों (Pesticides) के अवशेष (Residue) को लेकर लोगों के मन में अक्सर सवाल उठते हैं। क्या इन सब्जियों का सेवन पूरी तरह सुरक्षित है? क्या धोने या पकाने से कीटनाशकों का असर कम हो जाता है? और आखिर वैज्ञानिक यह कैसे पता लगाते हैं कि किसी सब्जी में कीटनाशक की मात्रा तय सीमा से ज्यादा है या नहीं?
इन्हीं सवालों के जवाब लेकर आया है न्यूज़पोटली का यह खास वीडियो। इसमें ICAR-भारतीय सब्जी अनुसंधान संस्थान (IIVR), वाराणसी के कृषि रसायन (Agricultural Chemicals) विभाग के वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. सुजन मजूमदार बताते हैं कि आधुनिक लैब में Pesticide Residue Testing कैसे की जाती है और खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करने में इसकी क्या भूमिका है।
डॉ. मजूमदार बताते हैं कि वैज्ञानिक LC-MS/MS जैसी आधुनिक तकनीक की मदद से सब्जियों में मौजूद कीटनाशकों के अवशेषों की सटीक जांच करते हैं। साथ ही वे यह भी बताते हैं कि सब्जियों को धोने या पकाने से कीटनाशकों के अवशेषों पर कितना असर पड़ता है, और निर्यात (Export) के लिए इस जांच का क्या महत्व है।
वीडियो में किसानों के लिए भी कई उपयोगी जानकारियां दी गई हैं। इसमें बताया गया है कि सुरक्षित खेती के लिए कीटनाशकों का संतुलित उपयोग कैसे करें, जैविक और सुरक्षित विकल्प क्या हैं और किन सावधानियों को अपनाकर फसल की गुणवत्ता के साथ-साथ उपभोक्ताओं की सुरक्षा भी सुनिश्चित की जा सकती है।
अगर आप जानना चाहते हैं कि आपकी थाली तक पहुंचने वाली सब्जियों की सुरक्षा कैसे तय होती है और किसान कीटनाशकों का इस्तेमाल कम करके सुरक्षित खेती कैसे कर सकते हैं, तो इस वीडियो में इन सभी सवालों के जवाब विस्तार से मिलेंगे।
वीडियो देखिए-





