News Potli
न्यूज़ पोटलीभारत के किसानों और गाँवों की आवाज़
  • खेती किसानी
  • एग्री बुलेटिन
  • मौसम बेमौसम
  • पशुपालन
  • इंटरव्यू
  • बाज़ार
  • ग्राउन्ड रिपोर्ट्स
  • कमाई वाली बात
News Potli
  • खेती किसानी
  • एग्री बुलेटिन
  • मौसम बेमौसम
  • पशुपालन
  • इंटरव्यू
  • बाज़ार
  • ग्राउन्ड रिपोर्ट्स
  • कमाई वाली बात
Share
WhatsAppFacebookX / Twitter
  1. Home
  2. एग्री बुलेटिन
  3. AI की मदद से 50 फीसदी तक कम पानी में 30 फीसदी तक बढ़ सकता है गन्ना उत्पादन: एक्सपर्ट
एग्री बुलेटिन

AI की मदद से 50 फीसदी तक कम पानी में 30 फीसदी तक बढ़ सकता है गन्ना उत्पादन: एक्सपर्ट

कृषि, दुनिया के सबसे पुराने और सबसे महत्वपूर्ण व्यवसायों में से एक है, जिसमें तेजी से तकनीकी परिवर्तन हो रहा है और यह परिवर्तन AI यानी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से प्रेरित है।एक एक्सपर्ट के मुताबिक AI के

NP

Pooja Rai·Correspondent·12 Jun 2025· 3 min read

AI की मदद से 50 फीसदी तक कम पानी में 30 फीसदी तक बढ़ सकता है गन्ना उत्पादन: एक्सपर्ट

AI की मदद से 50 फीसदी तक कम पानी में 30 फीसदी तक बढ़ सकता है गन्ना उत्पादन: एक्सपर्ट

कृषि, दुनिया के सबसे पुराने और सबसे महत्वपूर्ण व्यवसायों में से एक है, जिसमें तेजी से तकनीकी परिवर्तन हो रहा है और यह परिवर्तन AI यानी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से प्रेरित है।एक एक्सपर्ट के मुताबिक AI के इस्तेमाल से गन्ने की खेती में पानी की जरूरत को 50 फीसदी तक कम कर प्रति एकड़ उत्पादन में करीब 30 फीसदी तक बढ़ोतरी की जा सकती है।

कृषि में AI ने क्रांति ला दी है। इस तकनीक से फसल पर जलवायु परिवर्तन के असर को कम किया जा सकता है। पौधों में बीमारी का तुरंत पता लगाना और ठीक करना, कृषि रसायनों के सही प्रयोग, मिट्टी में पोषक तत्वों का तुरंत पता लगाना, खेती में लागत कम कर उत्पादन को बढ़ाया जा सकता है, जिससे खाद्य सुरक्षा जैसी समस्याओं को हल किया जा सकता है।
आपको बता दें कि हाल ही में पुणे में महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजीत पवार और पूर्व केंद्रीय कृषि मंत्री शरद पवार की मौजूदगी में एक बैठक हुई थी, जिसमें गन्ने की खेती में AI के इस्तेमाल पर चर्चा की गई थी। इस तकनीक को अधिक से अधिक किसानों तक पहुंचाने के तरीकों का पता लगाने के लिए वसंतदादा चीनी संस्थान और कृषि विकास ट्रस्ट के बीच एक MOU पर हस्ताक्षर भी किए गए।

गन्ने की खेती में होगा AI का इस्तेमाल
समाचार एजेंसी PTI के मुताबिक महाराष्ट्र राज्य सहकारी चीनी कारखाना संघ लिमिटेड के निदेशक जयप्रकाश दांडेगांवकर ने कहा कि माइक्रोसॉफ्ट ने गन्ने की खेती के लिए एआई के इस्तेमाल पर लंबे समय से काम किया है और गन्ने के उत्पादन में 30 प्रतिशत की वृद्धि और ((इसकी खेती में) पानी के इस्तेमाल को घटाकर आधा करने का आश्वासन दिया है। इससे चीनी मिलों को लंबे समय (110 दिनों से अधिक) तक चलाने में मदद मिलेगी और घाटा भी कम होगा।

ये भी पढ़ें - पंजाब में कपास का रकबा 20 फीसदी बढ़ा, बीज पर 33 प्रतिशत सब्सिडी भी दे रही है सरकार

शुरुआत में 25,000 रुपये खर्च की जरूरत
दांडेगांवकर ने बताया कि महाराष्ट्र की 40 (23 सहकारी और 17 निजी) चीनी मिलें, जिन पर वीएसआई का कोई कर्ज नहीं है, उन्हें इस परियोजना (गन्ने की खेती में एआई के इस्तेमाल) में शामिल किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि एक किसान द्वारा किए गए खर्च के लिए शुरुआत में 25,000 रुपये की जरूरत हो सकती है। उन्होंने कहा कि वॉर रूम इन किसानों को खेती के दौरान उठाए जाने वाले कदमों के बारे में कुछ सेकंड में सचेत कर देंगे। बताया कि यह तकनीक पूर्वानुमान, मिट्टी की जांच, पानी की चेतावनी, कीटनाशकों के इस्तेमाल को सीमित करने और मिट्टी के पोषक तत्वों की सुरक्षा पर काम करेगी।

AI से 150 टन प्रति एकड़ तक पहुंचने में मिलेगी मदद
दांडेगांवकर ने बताया कि महाराष्ट्र में गन्ने की पैदावार कम हुई है। उन्होंने कहा, "कम बारिश के कारण राज्य में प्रति एकड़ उत्पादन 73 टन तक गिर गया है। एआई का उपयोग निश्चित रूप से हमें निकट अवधि में कम से कम 150 टन प्रति एकड़ तक पहुंचने में मदद कर सकता है।" उन्होंने कहा, "किसानों को इसके लिए (सिंचाई के लिए) अपने खेतों में ड्रिप लगाने की जरूरत है। हम उम्मीद कर सकते हैं कि अगस्त के अंत तक या सितंबर के पहले सप्ताह तक इस तरह का पहला स्टेशन (स्वचालित एआई सुविधा) स्थापित हो जाएगा और चालू हो जाएगा।"

ये देखें -

News Potli.
Clip & Share
“

— AI की मदद से 50 फीसदी तक कम पानी में 30 फीसदी तक बढ़ सकता है गन्ना उत्पादन: एक्सपर्ट

newspotli.comIndia's #1 Rural Journalism Platform
agriculture newsAIAI in agricultureartificial intelligencekheti kisanimaharashtraNews Potlisugarcane cultivationखेती किसानी
NP

About the Author

Pooja Rai

Correspondent

सभी लेख देखें
Related Coverage

और पढ़ें

ILDC कॉन्फ्रेंस 2025: कृषि की चुनौतियों में किरायेदार किसान, कैसे मिले सुरक्षा और अधिकार!
एग्री बुलेटिन

ILDC कॉन्फ्रेंस 2025: कृषि की चुनौतियों में किरायेदार किसान, कैसे मिले सुरक्षा और अधिकार!

भारत एक कृषि प्रधान देश हैं। जहां एक व्यापक किसान वर्ग कृषि पर आश्रित है। इस किसान वर्ग में एक बड़ी आबादी किरायेदार किसानों की भी है। इन किरायेदार किसानों को असलियत में किसान नहीं माना जाता है। इस स्थ

Pooja Rai·28 Feb 2026·9 min
भारत-अमेरिका डील के बाद GM फसलों पर क्यों बढ़ी बहस?
एग्री बुलेटिन

भारत-अमेरिका डील के बाद GM फसलों पर क्यों बढ़ी बहस?

भारत-अमेरिका व्यापार समझौते के बाद GM (जेनेटिकली मॉडिफाइड) फसलों को लेकर बहस तेज हो गई है। भारत ने कुछ अमेरिकी कृषि उत्पादों पर कम या शून्य शुल्क देने की सहमति दी है, लेकिन सरकार का कहना है कि संवेदनश

Pooja Rai·09 Feb 2026·3 min
राष्ट्रीय दलहन क्रांति: बिहार को दलहन खेती बढ़ाने के लिए 93.75 करोड़ की मदद
एग्री बुलेटिन

राष्ट्रीय दलहन क्रांति: बिहार को दलहन खेती बढ़ाने के लिए 93.75 करोड़ की मदद

सीहोर में आयोजित राष्ट्रीय दलहन कार्यक्रम में केंद्र ने देश में दलहन उत्पादन बढ़ाने की पहल शुरू की और बिहार को 93.75 करोड़ रुपये की सहायता दी। बिहार सरकार ने पांच साल में दलहन उत्पादन में आत्मनिर्भर ब

Pooja Rai·09 Feb 2026·2 min
News Potli

न्यूज़ पोटली

भारत के गाँव और किसान की आवाज़

Platform

  • About Us
  • Our Team
  • Pitch Your Story
  • Contact Us
  • Privacy Policy
  • Terms of Service

Contact Us

© 2026 News Potli. All rights reserved.

Crafted byBuildRocket LabsBuildRocket Labs