News Potli
न्यूज़ पोटलीभारत के किसानों और गाँवों की आवाज़
  • खेती किसानी
  • एग्री बुलेटिन
  • मौसम बेमौसम
  • पशुपालन
  • इंटरव्यू
  • बाज़ार
  • ग्राउन्ड रिपोर्ट्स
  • कमाई वाली बात
News Potli
  • खेती किसानी
  • एग्री बुलेटिन
  • मौसम बेमौसम
  • पशुपालन
  • इंटरव्यू
  • बाज़ार
  • ग्राउन्ड रिपोर्ट्स
  • कमाई वाली बात
Share
WhatsAppFacebookX / Twitter
  1. Home
  2. एग्री बुलेटिन
  3. प्राकृतिक खेती के लिए बहुत उपयोगी है गुड़, गाय का गोबर और छांछ से तैयार किया हुआ यह जैविक खाद
एग्री बुलेटिन

प्राकृतिक खेती के लिए बहुत उपयोगी है गुड़, गाय का गोबर और छांछ से तैयार किया हुआ यह जैविक खाद

जहां एक ओर खेती के लिए महंगे डीएपी और यूरिया को लेकर किसान परेशान रहते हैं, वहीं राजस्थान में गुड़, गाय का गोबर और छांछ से सरल खाद बनाकर ये दावा किया जा रहा है कि इसके प्रयोग से खेत की मिट्टी का स्वास

Pooja Rai

Pooja Rai·06 Feb 2025· 4 min read

प्राकृतिक खेती के लिए बहुत उपयोगी है गुड़, गाय का गोबर और छांछ से तैयार किया हुआ यह जैविक खाद

प्राकृतिक खेती के लिए बहुत उपयोगी है गुड़, गाय का गोबर और छांछ से तैयार किया हुआ यह जैविक खाद

जहां एक ओर खेती के लिए महंगे डीएपी और यूरिया को लेकर किसान परेशान रहते हैं, वहीं राजस्थान में गुड़, गाय का गोबर और छांछ से सरल खाद बनाकर ये दावा किया जा रहा है कि इसके प्रयोग से खेत की मिट्टी का स्वास्थ्य तो सही रहेगा ही साथ ही उत्पादन में भी कमी नहीं आयेगी. इस सरल खाद को जैविक खेती के लिए बहुत ही उपयोगी बताया जा रहा है.

राजस्थान के कोटा के श्री रामशान्ताय जैविक कृषि अनुसंधान संस्थान एवं प्रशिक्षण केन्द्र के मुख्य प्रबंधक डॉ. पवन टांक द्वार इस सरल खाद को बनाया गया है . डॉ. पवन बताते हैं कि गुड़, गाय का गोबर और छांछ से बना यह सरल खाद सस्ता भी है, जिसे ग़रीब से ग़रीब किसान इसे बना सकता है और अपने खेत में इस्तेमाल कर सकता है.

वो कहते हैं न किसी भी फसल में जैसा खाद पानी डालोगे वैसा उत्पादन होगा. मतलब अच्छा उत्पादन के लिए पानी जितना महत्वपूर्ण है उतना खाद भी है. इसलिए खाद को लेकर किसान हमेशा परेशान रहते हैं कि कौन सी डालें, कितनी मात्रा में डालें. इसे लेकर डॉ. पवन ने न्यूज़ पोटली से विस्तार से बात की है. उन्होंने सबसे पहले खाद बनाने की विधि बतायी है.

खाद बनाने की विधि
उनके मुताबिक़ खाद बनाने के लिए सबसे पहले आप 1 टन (10 कुंटल) गाय, भैंस, बैल, भेड़, बकरी किसी भी पशु का गोबर ले सकते हैं या किसी भी फसल का अवशेष भी इस्तेमाल कर सकते हैं. इसका एक जगह पर ढेर बना लें. उसके बाद एक ड्रम में 200 लीटर पानी लें , उसमें 2 किलो गुड़ का घोल, 30 किलो गाय ताज का गोबर और 30 लीटर गाय या भैंस की छांछ को पानी में मिला लें. इस घोल को अच्छे तरीक़े से मिलकर जो आपने 1 टन (10 कुंटल) पशु का गोबर या कोई फसल अवशेष लिया है उसपर अच्छे से डाल दें. ऐसे डालें की घोल नीचे तक जाये. फिर इसको किसी पुआल या प्लास्टिक या किसी फसल अवशेष से अच्छे से ढक दें.

45 दिनों में तैयार होगा यह खाद
अब प्रश्न है कि यह खाद कितने दिनों में तैयार होगी? इस पर डॉ. पवन बताते हैं कि मात्र 45 दिनों के बाद आप इस खाद का इस्तेमाल कर सकते हैं. लेकिन ये तभी संभव होगा जब आप इस बात का ध्यान रखेंगे कि उसपर सूरज की सीधी किरणें ना पड़े और ना ही बारिश का पानी. तभी यह 45 दिनों में तैयार होगा अन्यथा ज़्यादा समय भी लग सकता है. डॉ. पवन ने बताया कि इस खाद को बनने के लिए सही तापमान 35 डिग्री है.

ये भी पढ़ें -बढ़ती गर्मी से क्या कम होगी गेहूं की पैदावार?

प्रति एकड़ 5 टन खाद का इस्तेमाल करें
खेतों में इसके इस्तेमाल को लेकर डॉ. पवन ने बताया कि अगर किसान जैविक खेती कर रहे हैं तो उनको प्रति एकड़ यह खाद 5 टन डालनी चाहिए. उन्होंने बताया कि किसानों को यह भय रहता है कि जैविक खेती में पहले साल उत्पादन कम होता है, लेकिन ऐसा नहीं है आप यह खाद डालेंगे तो आपको दूसरी फर्टिलाइजर प्रयोग करने पर जैसा उत्पादन मिलता है वैसा ही मिलेगा. लेकिन यह उससे ज़्यादा फ़ायदेमंद है क्योंकि यह आपकी खेत की मिट्टी ख़राब नहीं होने देगा, दूसरा यह खाद सस्ता है और तीसरा बाज़ार में जैविक उत्पाद की क़ीमत ज़्यादा है तो आपकी अच्छी कमाई भी होगी है.

खाद बनाने में गाय का गोबर क्यों ज़रूरी है?
डॉ. पवन ने बताया कि देश में प्रचलित 14 प्रकार की खादों पर शोध करने के बाद यह गुड़, गाय का गोबर और छांछ से सरल कंपोस्ट खाद तैयार की गई है. इसकी गुणवत्ता वर्मी कम्पोस्ट खाद से ज्यादा पायी गई है. इसे बनाने के लिए किसी कल्चर या डिकंपोजर की जरुरत नहीं है और गौमूत्र की भी जरुरत नहीं है. उन्होंने बताया कि इसमें हम गाय का गोबर इसलिए इस्तेमाल करते हैं क्योंकि गाय के गोबर में ही वो वैक्टीरिया और फंगस पाये जाते हैं जिसकी ज़रूरत है खाद बनाने बनाने के लिए.
वीडियो देखें -

News Potli.
Clip & Share
“

— प्राकृतिक खेती के लिए बहुत उपयोगी है गुड़, गाय का गोबर और छांछ से तैयार किया हुआ यह जैविक खाद

newspotli.comIndia's #1 Rural Journalism Platform
agriculture newscompostkheti kisaninatural farmingNews Potliorganic farmingrajasthan newsखेती किसानी
Pooja Rai

About the Author

Pooja Rai

सभी लेख देखें
Related Coverage

और पढ़ें

Agribulletin
एग्री बुलेटिन

आलू किसानों को राहत से लेकर यूरिया की कीमत तक, इस हफ्ते की 6 बड़ी खबरें

इस हफ्ते के Agribulletin में किसानों से जुड़ी कई अहम खबरें शामिल हैं। इसमें आलू किसानों को कोल्ड स्टोरेज शुल्क में राहत, यूरिया की कीमत, एथेनॉल उत्पादन, गन्ने में प्लासी बोरर का खतरा, मौसम का हाल और मक्का, गेहूं व तुअर के ताजा बाजार भाव की जानकारी मिलेगी।

News Potli·16 Aug 2026
Agribulletin: नकली बीज-खाद से लेकर सोयाबीन रिसर्च और एथेनॉल नीति तक, जानिए खेती की बड़ी खबरें
एग्री बुलेटिन

Agribulletin: नकली बीज-खाद से लेकर सोयाबीन रिसर्च और एथेनॉल नीति तक, जानिए खेती की बड़ी खबरें

इस हफ्ते के Agribulletin में खेती-किसानी से जुड़ी कई अहम खबरों पर नजर डालेंगे। नकली बीज-खाद की शिकायत की हेल्पलाइन से लेकर Draft Seeds Bill 2025, भारत-अमेरिका की सोयाबीन रिसर्च, अरहर के T2T जीनोम और एथेनॉल नीति के अपडेट जानेंगे। साथ ही अलग-अलग राज्यों की किसान योजनाओं, मंडी भाव, फसल उत्पादन और मॉनसून की ताजा स्थिति की पूरी जानकारी मिलेगी।

Pooja Rai·09 Aug 2026
Agribulletin
एग्री बुलेटिन

MSP घोटाले से PM-Kisan तक, इस हफ्ते की 5 बड़ी कृषि खबरें Agri Bulletin में देखिए

इस हफ्ते के Agribulletin में कृषि जगत की बड़ी खबरें देखिए

Pooja Rai·02 Aug 2026
News Potli

न्यूज़ पोटली

भारत के गाँव और किसान की आवाज़

Platform

  • About Us
  • Our Team
  • Pitch Your Story
  • Contact Us
  • Privacy Policy
  • Terms of Service

Contact Us

© 2026 News Potli. All rights reserved.

Crafted byBuildRocket LabsBuildRocket Labs