देश भर में केंद्र सरकार ने चालू सीजन में अब तक न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर 256.3 लाख मीट्रिक टन (LMT) गेहूं की खरीद की है और इसके लिए 21.03 लाख किसानों को 62,155.96 करोड़ रुपए का भुगतान किया गया है. गुरुवार को जारी किए गए आधिकारिक बयान में यह जानकारी दी गई. सरकारी बयान के मुताबिक, इस साल 30 अप्रैल तक खरीदे गए गेहूं की मात्रा पिछले साल की इसी तारीख तक की कुल खरीद 205.41 LMT से 24.78 प्रतिशत अधिक है. पंजाब, हरियाणा, मध्य प्रदेश, राजस्थान और उत्तर प्रदेश जैसे सभी 5 प्रमुख गेहूं खरीद राज्यों ने पिछले साल की तुलना में इस साल अधिक गेहूं खरीदा है.
आकड़ों के मुताबिक, गेहूं खरीद में 103.89 LMT के साथ पंजाब सबसे ऊपर है, उसके बाद 67.57 LMT के साथ मध्य प्रदेश दूसरे और 65.67 LMT के साथ हरियाणा तीसरे स्थान पर है. राजस्थान और उत्तर प्रदेश क्रमशः 11.44 LMT और 7.55 LMT के साथ चौथे एवं पांचवे स्थान पर हैं . इस वर्ष की खरीद का कुल लक्ष्य 312 LMT तय किया गया है. आधिकारिक बयान में कहा गया है कि चालू रबी मार्केटिंग सीजन में खरीद के लिए अभी भी पर्याप्त समय बचा हुआ है और देश केंद्रीय पूल के लिए गेहूं खरीद पिछले वर्ष के आंकड़ों को काफी बड़े अंतर से पार करने की राह पर है.
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24 से 48 घंटों के भीतर MSP का भुगतान किया गया
इस वर्ष गेहूं खरीद की मात्रा में बढ़त खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण विभाग द्वारा पिछले वर्षों से सीखों के आधार पर राज्य-विशिष्ट कार्य योजना तैयार करने से शुरू हुए ठोस प्रयासों का परिणाम है. बयान में कहा गया है कि ज्यादातर मामलों में किसानों को 24 से 48 घंटों के भीतर MSP का भुगतान कर दिया गया. खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण विभाग द्वारा किए गए उपायों में गेहूं स्टॉक पोर्टल के माध्यम से स्टॉकहोल्डिंग सीमा को अनिवार्य करना, एफएक्यू मानदंडों में छूट के लिए समय पर मंजूरी देना, जमीनी स्थिति का आकलन करने के लिए अधिकारियों द्वारा पहचाने गए जिलों का दौरा करना शामिल है जिससे आवश्यकता पड़ने पर समय पर कार्रवाई की जा सके.
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