केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने फिजी के कृषि मंत्री के साथ बैठक कर कृषि और खाद्य सुरक्षा में सहयोग बढ़ाने पर चर्चा की। दोनों देशों ने समझौता ज्ञापन को आगे बढ़ाने, संयुक्त कार्य समूह बनाने और तकनीक, प्रशिक्षण व अनुसंधान में मिलकर काम करने पर सहमति जताई।
नई दिल्ली। केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने नई दिल्ली स्थित कृषि भवन में फिजी के कृषि और जलमार्ग मंत्री तोमासी तुनाबुना के साथ बैठक की। इस बैठक में दोनों देशों के बीच कृषि और खाद्य सुरक्षा के क्षेत्र में सहयोग को और मजबूत करने पर चर्चा हुई।
बैठक के दौरान शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि भारत और फिजी के रिश्ते बहुत पुराने और मजबूत हैं। दोनों देशों के बीच सांस्कृतिक और लोगों के आपसी संबंध भी गहरे हैं। उन्होंने कहा कि कृषि और खाद्य सुरक्षा ऐसे क्षेत्र हैं, जिनमें भारत और फिजी मिलकर बेहतर काम कर सकते हैं।
MOU को अगले पांच साल के लिए बढ़ाया
दोनों मंत्रियों ने मौजूदा समझौता ज्ञापन (एमओयू) को अगले पांच साल के लिए बढ़ाने पर सहमति जताई। इसके साथ ही सहयोग को बेहतर तरीके से आगे बढ़ाने के लिए एक संयुक्त कार्य समूह बनाने का भी फैसला किया गया।
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क्या तय हुआ?
बैठक में यह तय हुआ कि कृषि क्षेत्र में छात्र आदान-प्रदान, किसानों और अधिकारियों के प्रशिक्षण, क्षमता निर्माण और नई तकनीकों को साझा किया जाएगा। छोटे कृषि उपकरणों, डिजिटल कृषि तकनीक, शोध और अनुसंधान पर भी मिलकर काम किया जाएगा। इसके अलावा फसलों की गुणवत्ता सुधारने, बीजों के आदान-प्रदान और खाद्य नुकसान को कम करने पर भी चर्चा हुई।
इस बैठक में फिजी सरकार के कई वरिष्ठ मंत्री और अधिकारी शामिल हुए। वहीं भारत की ओर से कृषि एवं किसान कल्याण विभाग और कृषि अनुसंधान से जुड़े वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे।दोनों देशों ने भरोसा जताया कि इस सहयोग से किसानों को फायदा होगा और कृषि क्षेत्र को नई दिशा मिलेगी।
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